Mera Aapki Kripa se Sab kaam Ho raha hai: “मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है” एक अत्यंत लोकप्रिय और भावनात्मक भजन है, जो भगवान के प्रति श्रद्धा, विश्वास और कृतज्ञता की भावना को प्रकट करता है। इस भजन के शब्द भक्त के उस विश्वास को दर्शाते हैं कि जीवन में जो भी अच्छा हो रहा है, वह केवल प्रभु की कृपा और आशीर्वाद के कारण ही संभव है। यही कारण है कि यह भजन मंदिरों, सत्संगों और धार्मिक आयोजनों में बड़ी श्रद्धा के साथ गाया जाता है।
इस भजन का भाव बहुत सरल लेकिन गहरा है। इसमें एक भक्त अपने ईश्वर के प्रति धन्यवाद व्यक्त करता है और स्वीकार करता है कि उसकी हर सफलता, हर खुशी और जीवन की हर उपलब्धि भगवान की कृपा का ही परिणाम है। जब व्यक्ति इस भजन को सुनता या गाता है, तो उसके मन में विनम्रता और विश्वास की भावना जागृत होती है।
“मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है” भजन हमें यह भी सिखाता है कि जीवन में कठिन परिस्थितियाँ आने पर भी हमें ईश्वर पर भरोसा बनाए रखना चाहिए। जब व्यक्ति पूरे विश्वास और समर्पण के साथ भगवान का स्मरण करता है, तो उसे मानसिक शांति और आत्मिक शक्ति मिलती है। यही भावना इस भजन की पंक्तियों में साफ दिखाई देती है।
धार्मिक दृष्टि से यह भजन केवल एक गीत नहीं, बल्कि एक प्रार्थना के समान है, जिसमें भक्त अपने ईश्वर से जुड़ाव महसूस करता है। भक्ति संगीत की यही विशेषता होती है कि वह सीधे हृदय को स्पर्श करता है और व्यक्ति को आध्यात्मिक रूप से मजबूत बनाता है।
आज के समय में भी यह भजन लाखों भक्तों द्वारा बड़े प्रेम और श्रद्धा के साथ गाया जाता है। घरों में पूजा के समय, मंदिरों में आरती के दौरान और भजन संध्या में इसकी धुन अक्सर सुनाई देती है। इसके मधुर शब्द और सरल भाव हर उम्र के लोगों को आकर्षित करते हैं और उन्हें ईश्वर के प्रति आस्था बनाए रखने की प्रेरणा देते हैं।
कुल मिलाकर, “मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है” भजन हमें यह याद दिलाता है कि जीवन में जो भी सुख, शांति और सफलता मिलती है, वह भगवान की कृपा का ही परिणाम होती है। इसलिए हमें हमेशा कृतज्ञता, विनम्रता और विश्वास के साथ ईश्वर का स्मरण करते रहना चाहिए। 
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है।
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है ॥ 1 ॥
पतवार के बिना ही, मेरी नाव चल रही है।
हैरान है जमाना, मंजिल भी मिल रही है॥ 1 ॥
करता नहीं मैं कुछ भी, सब काम हो रहा है।
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है ॥ 1 ॥
तुम साथ हो जो मेरे, किस चीज की कमी है।
किसी और चीज की अब, दरकार भी नहीं है ॥ 1 ॥
तेरे साथ से गुलाम अब, गुलफाम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है ॥ 1 ॥
मैं तो नहीं हूँ काबिल, तेरा पार कैसे पाऊँ।
टूटी हुई बाणी से, गुणगान कैसे गाऊँ ॥ 1 ॥
तेरी प्रेरणा से ही सब, कमाल हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है ॥ 1 ॥
तूफ़ान आँधियों में, तुमने ही मुझको थामा।
तुम कृष्ण बन के आये, मैं जब बना सुदामा ॥ 1 ॥
तेरे करम से अब ये, सरे आम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है ॥ 1 ॥
जीवन की उलझनों में, मैंने जब पुकार राधा।
तुम शक्ति बन के आयी, टूट गयी वो बाधा ॥ 1 ॥
"हरि" राधे शरण से जीवन, आसान हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है ॥ 1 ॥
“मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है” भजन भक्त और भगवान के बीच गहरे विश्वास और समर्पण की भावना को व्यक्त करता है। इस भजन के शब्द हमें यह सिखाते हैं कि जीवन में जो भी सफलता, सुख और शांति मिलती है, वह ईश्वर की कृपा का ही परिणाम है। जब व्यक्ति सच्चे मन से प्रभु का स्मरण करता है और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करता है, तो उसके जीवन में सकारात्मकता और आत्मिक संतुलन बना रहता है।
यह भजन हमें विनम्रता, आस्था और भरोसे का संदेश देता है। इसलिए इसे सुनना या गाना केवल एक धार्मिक परंपरा ही नहीं, बल्कि मन को शांति देने और ईश्वर के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करने का एक सुंदर माध्यम भी है।