क्या आप उन लोगों में से हैं जो लीक पर चलना पसंद नहीं करते? क्या आपको अक्सर लोग “अजीब” या “अलग” समझते हैं क्योंकि आपकी सोच दुनिया से दस कदम आगे होती है? अगर ऐसा है, तो मुमकिन है कि आपका नाता मूलांक 4 (Mulank 4) से है। अंक ज्योतिष की दुनिया में मूलांक 4 (Mulank 4) को सबसे रहस्यमयी और क्रांतिकारी अंक माना जाता है।
अगर आपका जन्म किसी भी महीने की 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है, तो आप 'राहु' ग्रह के प्रभाव में हैं। राहु अचानक बदलाव, तीक्ष्ण बुद्धि और अपरंपरागत सोच का प्रतीक है। मूलांक 4 वाले लोग वो होते हैं जो तूफानों से डरते नहीं, बल्कि उनका रुख मोड़ने का दम रखते हैं।
अंक ज्योतिष में, आपकी जन्मतिथि के अंकों का कुल योग अगर 4 आता है, तो वह आपका मूलांक है। उदाहरण: 13 तारीख (1+3=4), 22 तारीख (2+2=4) और 31 तारीख (3+1=4)। इस अंक का स्वामी राहु है। राहु को एक छाया ग्रह माना जाता है जो भ्रम भी पैदा करता है और अचानक अपार सफलता भी देता है। मूलांक 4 (Mulank 4) के लोग समाज में बदलाव लाने के लिए पैदा होते हैं। ये लोग पुरानी सड़ी-गली परंपराओं को तोड़कर नई व्यवस्था खड़ी करने में माहिर होते हैं।
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मूलांक 4 की ऊर्जा थोड़ी उग्र और अनिश्चित होती है, जिसे सही दिशा देने के लिए इन शुभ संयोगों का ध्यान रखना चाहिए:

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मूलांक 4 (Mulank 4) वाले जातक एक खुली किताब की तरह होते हैं जिसे समझना हर किसी के बस की बात नहीं।
विद्रोही और साहसी: ये लोग गलत बात पर चुप नहीं बैठते। अगर इन्हें लगता है कि कोई नियम गलत है, तो ये डंके की चोट पर उसका विरोध करते हैं।
अचानक बदलाव: इनके जीवन में जो भी होता है, अचानक होता है। चाहे वो सफलता हो या असफलता। ये लोग एक पल में अर्श से फर्श और फर्श से अर्श पर पहुँच सकते हैं।
ईमानदार मित्र: भले ही इनके दोस्त कम हों, लेकिन ये जिनके साथ होते हैं, पूरी शिद्दत से होते हैं। ये दिखावे की दुनिया से दूर रहना पसंद करते हैं।
तेज दिमाग: इनकी ऑब्जर्वेशन पावर बहुत तगड़ी होती है। ये वो चीजें देख लेते हैं जो आम लोगों की नजरों से बच जाती हैं।
अगर आप मूलांक 4 के हैं, तो इन 3 नियमों को गाँठ बांध लें:
क्या करें:
क्या न करें:
जब समुद्र मंथन से अमृत निकला, तो 'स्वर्भानु' नाम का असुर चुपके से देवताओं की पंक्ति में जाकर बैठ गया। जैसे ही उसने अमृत पिया, सूर्य और चंद्रमा ने उसे पहचान लिया। भगवान विष्णु ने तुरंत अपने सुदर्शन चक्र से उसका सिर धड़ से अलग कर दिया। लेकिन अमृत पीने के कारण वह मरा नहीं। सिर वाला हिस्सा 'राहु' कहलाया और धड़ वाला 'केतु'।
यही राहु मूलांक 4 (Mulank 4) का स्वामी है। यह कहानी हमें सिखाती है कि मूलांक 4 वालों के पास 'अमृत' (असीमित संभावनाएं) तो है, लेकिन उन्हें अपनी बुद्धि (सिर) का इस्तेमाल बहुत संभलकर करना चाहिए।
मूलांक 4 (Mulank 4) के लोग दुनिया के लिए एक पहेली हो सकते हैं, लेकिन वे समाज के असली शिल्पकार हैं। आपका जीवन संघर्षपूर्ण हो सकता है, लेकिन आपकी जीत भी सबसे शानदार होगी। बस अपनी एकाग्रता बनाए रखें और राहु की ऊर्जा को विनाश के बजाय निर्माण में लगाएं। आप वो सितारे हैं जो अंधेरी रात में सबसे तेज चमकते हैं।
1. क्या मूलांक 4 (Mulank 4) वाले लोगों का भाग्य देरी से चमकता है?
हाँ, अक्सर 31 या 40 वर्ष की आयु के बाद इनका वास्तविक भाग्योदय देखा जाता है।
2. क्या मूलांक 4 और 8 की जोड़ी अच्छी होती है?
अंक ज्योतिष में इन्हें संघर्षपूर्ण माना जाता है, लेकिन अगर ये एक-दूसरे को समझें तो गहरी दोस्ती निभा सकते हैं।
3. मूलांक 4 के लिए कौन सा दिन व्रत रखना अच्छा है?
शनिवार का व्रत इनके लिए मानसिक शांति और राहु दोष से मुक्ति दिलाने वाला होता है।
4. 13 तारीख को जन्म लेना क्या अशुभ है?
बिल्कुल नहीं! अंक ज्योतिष में 13 मूलांक 4 बनाता है, जो कठिन परिश्रम और अंततः बड़ी सफलता का प्रतीक है।
5. मूलांक 4 के लोगों को किस बीमारी से बचना चाहिए?
इन्हें मानसिक तनाव, अनिद्रा और पेट संबंधी विकारों के प्रति सचेत रहना चाहिए।
Dr. Arjun Shukla, a tarot expert with 10+ years’ experience, offers intuitive guidance through tarot symbolism, helping individuals find clarity, direction, and confidence in life’s challenges.